"Hindi Literature"

'अंधेर नगरी' का कथ्य या प्रतिपाद्य /यथार्थ-चित्रण/ प्रासंगिकता/ प्रहसन

' अंधेर नगरी ' का कथ्य या प्रतिपाद्य /यथार्थ-चित्रण/ प्रासंगिकता/ प्रहसन      प्रहसन हास्य रस का मुख्य नाट्यरूप है। अ…

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